
वेद प्रकाश दुबे एवं ज्योति तिवारी संभागीय ब्यूरो
ढीमरखेड़ा : पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा द्वारा जिले में अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्यवाही के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. संतोष डेहरिया तथा एसडीओपी आंकाक्षा चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक अभिषेक चौबे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने यह कार्रवाई की।
मामला ढीमरखेड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम खिरवा पोडी स्थित वन कक्ष पीएफ-297 एनपीबी का है, जहां वृक्षारोपण क्षेत्र में लगी फेंसिंग जाली को चोरी कर ले जाने की सूचना पुलिस को मिली थी।
पुलिस के मुताबिक 21 मई 2026 को वन विभाग से जुड़े प्रार्थी रामकुशल मिश्रा ने थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि रात करीब एक बजे बीट प्रभारी अंकित गौतम, जो वनरक्षक के पद पर तैनात हैं, ने सूचना दी थी कि कुछ लोग खिरवा पोडी के वन क्षेत्र में लगी फेंसिंग जाली उखाड़कर चोरी कर रहे हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम और वन अमला तत्काल मौके पर पहुंचा और इलाके की घेराबंदी की गई। कार्रवाई के दौरान चार आरोपियों को मौके से पकड़ लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रदीप यादव, उमाकांत यादव, राजकुमार यादव और सुरेश प्रसाद यादव के रूप में हुई है। सभी आरोपी ग्राम खिरवा पोडी के निवासी बताए जा रहे हैं।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से फेंसिंग जाली के दो बंडल, जिनकी अनुमानित कीमत करीब दस हजार रुपये बताई जा रही है, बरामद किए हैं। इसके अलावा वारदात में इस्तेमाल की जा रही दो मोटरसाइकिलें भी जब्त की गई हैं, जिनकी कीमत लगभग पचपन हजार रुपये आंकी गई है।
पूरे मामले में ढीमरखेड़ा थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से आगे की वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।
इस पूरी कार्यवाही में थाना प्रभारी निरीक्षक अभिषेक चौबे के साथ उप निरीक्षक सुरेश चौधरी, आरक्षक कमोद कोल तथा आरक्षक अजय धुर्वे की विशेष भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि वन संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और चोरी करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त अभियान जारी रहेगा।
वन क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी और अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए पुलिस और वन विभाग की संयुक्त कार्रवाई को बड़ी सफलता माना जा रहा है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि वे पहले भी ऐसी वारदातों में शामिल रहे हैं या नहीं।
