

कटनी। कुठला थाना क्षेत्र अंतर्गत लमतरा फाटक के समीप रविवार को हुए एक भीषण सड़क हादसे ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया। यात्री बस और ओवरलोड हाइवा के बीच हुई आमने-सामने की जोरदार टक्कर में एक महिला सहित तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि लगभग 29 यात्री घायल हो गए। घायलों में कई की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनका जिला चिकित्सालय में उपचार जारी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार यात्री बस क्रमांक एमपी-19-पी-0347 अपने निर्धारित मार्ग पर यात्रियों को लेकर जा रही थी। इसी दौरान लमतरा फाटक के पास सामने से आ रहे एक ओवरलोड हाइवा से उसकी आमने-सामने की भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार कई यात्री बुरी तरह फंस गए।
राहत एवं बचाव कार्य में जुटा प्रशासन
घटना की सूचना मिलते ही कुठला पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी, स्वास्थ्य विभाग की टीम और एंबुलेंस मौके पर पहुंच गईं। स्थानीय लोगों की मदद से बस में फंसे यात्रियों को बाहर निकाला गया और घायलों को तत्काल जिला चिकित्सालय भेजा गया। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
कलेक्टर और एसपी ने अस्पताल पहुंचकर लिया जायजा
दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर आशीष तिवारी और पुलिस अधीक्षक अभिनव विश्वकर्मा तत्काल जिला चिकित्सालय पहुंचे। उन्होंने आपातकालीन वार्ड का निरीक्षण कर घायलों से मुलाकात की और चिकित्सकों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री तिवारी ने गंभीर रूप से घायल मरीजों के लिए विशेष चिकित्सा प्रबंध सुनिश्चित करने को कहा तथा आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए। वहीं पुलिस अधीक्षक ने दुर्घटना की परिस्थितियों की जानकारी लेकर मामले की जांच के निर्देश दिए।
सांसद वीडी शर्मा ने घायलों का जाना हाल
खजुराहो सांसद वीडी शर्मा भी जिला चिकित्सालय पहुंचे और उपचाररत घायलों से मुलाकात की। उन्होंने चिकित्सकीय दल से चर्चा कर मरीजों की स्थिति की जानकारी ली तथा सभी घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने पर जोर दिया। सांसद ने मृतकों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
परिवहन विभाग की बड़ी कार्यवाही
हादसे के बाद परिवहन विभाग ने भी कड़ा रुख अपनाया है। क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) द्वारा दुर्घटनाग्रस्त हाइवा वाहन का फिटनेस प्रमाणपत्र और परमिट तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है। वहीं यात्री बस चालक का ड्राइविंग लाइसेंस भी निलंबित कर दिया गया है।
दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच प्रारंभ कर दी गई है। ओवरलोडिंग, तेज रफ्तार और यातायात नियमों के उल्लंघन जैसे पहलुओं की भी जांच की जा रही है। पुलिस ने मामला दर्ज कर आवश्यक वैधानिक कार्यवाही शुरू कर दी है।
शोक की लहर
हादसे में तीन लोगों की असामयिक मृत्यु से क्षेत्र में शोक का माहौल है। प्रशासन द्वारा मृतकों के परिजनों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया है, जबकि घायलों के उपचार पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
लमतरा फाटक का यह दर्दनाक हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा, ओवरलोड वाहनों और यातायात नियमों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर गया है।
