
आजाद अध्यापक शिक्षक संघ ने ज्ञापन सौंपकर शासन से निर्णय पर पुनर्विचार की मांग की
कटनी। मध्यप्रदेश में अध्यापक संवर्ग पर शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) अनिवार्य किए जाने के विरोध में आजाद अध्यापक शिक्षक संघ जिला इकाई कटनी द्वारा एक दिवसीय सांकेतिक उपवास एवं ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिलेभर से शिक्षक-शिक्षिकाएं शामिल हुए और TET की अनिवार्यता को लेकर अपनी आपत्तियां एवं मांगें शासन तक पहुंचाईं।
उपवास कार्यक्रम के दौरान शिक्षक-शिक्षिकाओं ने कहा कि अध्यापक संवर्ग से जुड़े शिक्षकों के लिए TET की अनिवार्यता को लेकर सरकार को शिक्षक हितों और उनकी वर्तमान परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए निर्णय लेना चाहिए। संघ द्वारा इसी मांग को लेकर सांकेतिक उपवास के माध्यम से विरोध दर्ज कराया गया।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाओं की सहभागिता रही। इस दौरान वक्ताओं ने TET की अनिवार्यता से उत्पन्न होने वाली संभावित समस्याओं और शिक्षक संवर्ग से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर अपनी बात रखी। संघ पदाधिकारियों ने कहा कि शिक्षकों की मांगों को शासन तक पहुंचाने के लिए चरणबद्ध तरीके से लोकतांत्रिक माध्यमों का सहारा लिया जा रहा है।
कार्यक्रम के पश्चात आजाद अध्यापक शिक्षक संघ द्वारा अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन संबंधित अधिकारियों के माध्यम से शासन को सौंपा गया। संघ ने शासन से TET की अनिवार्यता के संबंध में पुनर्विचार करते हुए शिक्षक संवर्ग के हित में उचित निर्णय लिए जाने की मांग की।
शिक्षकों ने कहा कि उनकी मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं होने की स्थिति में संघ आगे भी अपने स्तर पर आंदोलनात्मक कार्यक्रमों को लेकर निर्णय लेगा।
